रामनगर में जीएसटी चोरी: 2 रिजॉर्ट पर 3 करोड़ की टैक्स चोरी के मामले का खुलासा
Ramnagar News : रामनगर के रिजॉर्ट में जीएसटी चोरी का मामला सामने आया है। दो रिजॉर्ट की जांच में करीब तीन करोड़ रुपये की राजस्व क्षति का मामला पकड़ा गया है। कहीं लंबे समय से टैक्स जमा नहीं किया जा रहा था, तो कहीं फर्जी बिलों के जरिए जीएसटी रिफंड का दावा किया गया। मामला […]
रामनगर में जीएसटी चोरी: 2 रिजॉर्ट पर 3 करोड़ की टैक्स चोरी के मामले का खुलासा
Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Kharchaa Pani
कम शब्दों में कहें तो, रामनगर के दो रिजॉर्ट्स में 3 करोड़ की टैक्स चोरी का मामला उजागर हुआ है, जिसमें एक रिजॉर्ट प्रबंधन ने एक करोड़ रुपये की राशि जमा कर दी है।
रामनगर की ताज़ा खबरों के अनुसार, राज्य कर विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) ने रामनगर में स्थित दो रिजॉर्ट्स पर बड़े पैमाने पर जीएसटी चोरी का मामला उजागर किया है। इन निरीक्षणों के दौरान करीब तीन करोड़ रुपये की राजस्व क्षति का मामला सामने आया। जांच में यह पता चला कि प्रशासनिक कुप्रबंधन के चलते लंबे समय से टैक्स का भुगतान नहीं किया जा रहा था, और कुछ मामलों में फर्जी बिलों के माध्यम से जीएसटी रिफंड के दावे किए जा रहे थे।
रामनगर के 2 रिजॉर्ट में 3 करोड़ की टैक्स चोरी
रामनगर के ग्राम भलौन और पीरूमदारा में स्थित इन रिजॉर्ट्स की जांच के दौरान जीएसटी से संबंधित दस्तावेज़ और व्यापारिक खातों की गहनता से निगरानी की गई। जब अनियमितताएँ पाई गईं, तो एक रिजॉर्ट प्रबंधन ने रात 12 बजे तक एक करोड़ रुपये जमा कर दिए। हालांकि, बाकी की राशि पर अभी चर्चा चल रही है और कहा गया है कि इसे जल्द ही जमा किया जाएगा।
छापे के बाद देर रात जमा हुए 1 करोड़
राज्य कर विभाग के डिप्टी कमिश्नर विनय प्रकाश ओझा के अनुसार, भलौन स्थित रिजॉर्ट में वर्ष 2025 से उत्तराखंड राज्य कर का भुगतान नहीं किया गया था। इस जांच में यहां करीब ढाई करोड़ रुपये की राजस्व क्षति पाई गई। इसके बाद रिजॉर्ट प्रबंधन ने तत्काल एक करोड़ रुपये जमा कर दिए और बाकी राशि जल्द जमा करने का आश्वासन दिया है।
बिना माल की बिक्री किए फर्जी बिल किया तैयार
दूसरी तरफ, पीरूमदारा स्थित दूसरे रिजॉर्ट में यह मामला सामने आया है कि फर्जी बिल बनाकर जीएसटी रिफंड के लिए 50 लाख रुपये का दावा किया गया था, जबकि यहां किसी भी प्रकार का माल नहीं बेचा गया था। विभाग ने सभी रिजॉर्ट प्रबंधन को चेतावनी दी है कि भविष्य में कोई भी ऐसा कार्य न करें जो नियमों का उल्लंघन करता हो।
इस मामले के उजागर होने से एक बार फिर यह बात स्पष्ट होती है कि भारत में जीएसटी चोरी के मामलों के प्रति सरकार कितनी गंभीर है। इस प्रकार के मामलों की जांच और सही कार्यवाही से न केवल राजस्व की हानि को रोका जा सकता है, बल्कि राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की मजबूती में भी मदद मिलती है।
राज्य कर विभाग इस कार्रवाई के माध्यम से यह दर्शाता है कि वह अब किसी भी स्तर पर टैक्स चोरी को बर्दाश्त नहीं करेगा। जल्द ही इस मामले में और भी कार्रवाई की संभावना है, जिससे इस तरह की अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सके।
इस दौरान सभी करदाताओं से अपील की जाती है कि वे अपने दायित्वों का सही तरीके से पालन करें और इस प्रकार की गतिविधियों से दूर रहें। यह न केवल सरकार के लिए, बल्कि सम्पूर्ण समाज के लिए हितकारी है।
अधिक अपडेट के लिए, कृपया हमारे पोर्टल पर जाएँ: Kharchaa Pani.
सादर, टीम खर्चा पानी (सुमन शर्मा)
What's Your Reaction?